Friday, November 17, 2017
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गाइड दिखाएंगे रास्ता -

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कुंभ मेले में आप खो न जाएं पर्यटन विभाग इसका पूरा ख्याल रख रहा है। स्टेशन से कुंभ नगरी पहुंचने में परेशानी हो या संगम क्षेत्र में खोने का डर गाइड की मदद लीजिए । इनका प्रशिक्षण पर्यटन विभाग द्वारा भारत सरकार की कैपसिटी बिलिडंग फार सर्विस प्रोवाइडर योजना के तहत हुआ है। यह गाइड हरे रंग की जैकेट और इनके्रडेबल इंडिया तथा अतिथि देवो भव: लिखी टोपी पहने लोगों को रास्ता दिखा रहे हैं।

बद्री नाथ, केदार नाथ और राम जन्म भूमि के दर्शन एक साथ -

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आप बद्री नाथ ,केदार नाथ और राम जन्म भूमि के दर्शन एक साथ कुंभ मेले में कर सकते हैं। ति्रवेणी पुष्प अरैल में इलाहाबाद विकास प्राधिकरण इन मंदिरों के पुराने माडल का जीर्णोद्धार कर रहा है। इस कुंभ में आकर ति्रवेणी पुष्प अरैल अवश्य जाएं। वहां इन तीनों का माडल तो देखने को मिलेगा ही , एक निजी कंपनी ने ति्रवेणी पुष्प परिसर में सम्राट हर्षवर्धन बुद्ध विहार का माडल भी बनाया है।
ति्रवेणी पुष्प में तिरूपति बालाजी मंदिर का भी माडल बनना था लेकिन अब वह सेक्टर 6 में बनेगा। इसको बनाने वाले ठेकेदार के अनुसार इसके 25 जनवरी तक बनने की आशा है।

कैसे कैसे बाबा -

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कुंभ मेले में काली मार्ग पर दशनाम आवाहन अखाड़ा में उध्र्व बाहु तपस्वी हठयोगी महंत भोला गिरी तथा उनके शिष्य महंत काल गिरी खड़ेश्वरी आए हैं।
गुजरात के वडोदरा में शिवबाड़ी आश्रम है। वहां के महंत भोला गिरी बापू हठयोगी नागा हैं। पिछले 37 सालों से वह एक हाथ उठाकर रखते हैं। बेटियों पर अत्याचार और गौ हत्या खत्म होने की कामना मन में लिए वह तपस्या कर रहे हैं और करते रहेंगे।कहा जा रहा है कि उन्होने 35 सालों तक अन्न का दाना मुंह में नहीं डाला। परंतु दो साल पहले तबियत खराब होने पर डाक्टरों की सलाह के बाद उन्होने एक वक्त फलाहार करना प्रारंभ किया।
महंत भोला गिरी के शिष्य महंत काल गिरी खड़ेश्वरी राजस्थान के अलवर जनपद से हैं। पांच साल पहले विश्व में अमन चैन की कामना के साथ उन्होने खड़े रहकर जीवन बिताने की प्रतिज्ञा की। तब से अब तक वह खड़े रहकर ही जीवन गुजार रहे हैं। यहां तक कि फलाहार और झपकी भी खड़े खड़े ही लेते हैं।


हार्वर्ड विश्वविधालय कुंभ मेले में -

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हार्वर्ड विश्वविधालय के विभिन्न फैकेल्टी और छात्रों का एक दल प्रयाग के महा कुंभ 2013 में आकर मेले का संचालन तंत्र और इसके अर्थशास्त्र के बारे में अध्ययन करेगा। इस मेले की भीड़ भी अध्ययन की विषय वस्तु होगी।इलाहाबाद में शोध के लिए हार्वर्ड विश्वविधालय के फैकेल्टी आफ आर्टस एंड साइंसेज , स्कूल आफ डिजाइन ,हार्वर्ड बिजनेस स्कूल के छात्र आएंगे।

महाकुंभ में नित्यानंद -

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स्वामी नित्यानंद प्रयाग आ रहे हैं। छ: फरवरी को आकर वह एक सप्ताह तक रूकेंगे और संगम में डुबकी लगाने के अलावा प्रवचन तथा धार्मिक गोषिठयों में भाग लेंगे। सेक्टर 10 में उनके स्वागत में भव्य पंडाल बनाया गया है।भंडारा और प्रवचन की भी तैयारी है। परंतु कुछ हिंदूवादी संगठन स्वामी नित्यानंद के कुंभ आगमन का विरोध कर रहे हैं।
स्वामी नित्यानंद 2007 के अर्धकुंभ में भी आये थे लेकिन तब बात अलग थी । इसके कुछ साल बाद उन्हें बंगलूरू के निकट बिदादी सिथत उनके आश्रम में दक्षिण की अभिनेत्री के साथ आपतितजनक हालत में सभी ने टीवी पर देखा होगा। अब हिंदूवादी संगठनों का कहना है कि उनके इस कुंभ में आने से मेला क्षेत्र का स्वरूप बिगड़ जाएगा और प्रशासन को उनके आने पर रोक लगाना चाहिए।

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